1.‘शिक्षा’ शीर्षक पाठ के रचयिता कौन हैं?

2.जे. कृष्णमूर्ति का जन्म कब हुआ था?

3.जे. कृष्णमूर्ति का निधन कब हुआ था?

4.जे. कृष्णमूर्ति का जन्म कहाँ हुआ था?

5.‘शिक्षा’ पाठ क्या है?

6.जे. कृष्णमूर्ति का पूरा नाम क्या था?

7.जे. कृष्णमूर्ति के अनुसार ‘शिक्षा’ का कार्य क्या है?

8.‘मेधा’ कहाँ नहीं हो सकती?

9.लेखक के अनुसार ‘भय’ का क्या कारण है?

10.जे. कृष्णमूर्ति के अनुसार ‘सच्ची शिक्षा’ क्या है?

11.‘आजादी’ का अर्थ क्या है?

12.‘अम्बिका’ कौन थे?

13.लेखक ने ‘किताबों’ के बारे में क्या कहा है?

14.‘जीवन’ का अर्थ लेखक के अनुसार क्या है?

15.जे. कृष्णमूर्ति के अनुसार ‘अनुशासन’ क्या है?

16.‘प्रेम’ के बारे में लेखक की क्या धारणा है?

17.लेखक के अनुसार ‘प्रगति’ का क्या अर्थ है?

18.‘शिक्षक’ कैसा होना चाहिए?

19.‘महत्वाकांक्षा’ को लेखक ने क्या माना है?

20.जे. कृष्णमूर्ति किस प्रकार के विचारक थे?

21.‘संसार’ का दुख किस कारण है?

22.लेखक के अनुसार ‘बुद्धि’ क्या है?

23.जे. कृष्णमूर्ति की रचना ‘शिक्षा’ में किसका उल्लेख है?

24.‘जीवन की प्रक्रिया’ को कैसे समझें?

25.लेखक ने ‘प्रतिस्पर्धा’ को क्या कहा है?

26.‘स्वतंत्रता’ के बिना क्या संभव नहीं है?

27.जे. कृष्णमूर्ति का दर्शन किस पर आधारित है?

28.‘जीवन’ का सही अर्थ क्या है?

29.लेखक के अनुसार ‘समाज’ कैसा होना चाहिए?

30.जे. कृष्णमूर्ति की कौन सी रचना है?

31.‘शिक्षा’ क्या प्रदान करती है?

32.लेखक के लिए ‘गुरु’ कौन है?

33.‘सृजनात्मकता’ कहाँ पनपती है?

34.जे. कृष्णमूर्ति ने किनका समर्थन किया?

35.‘जीवन’ का उद्देश्य क्या है?

36.लेखक के अनुसार ‘युद्ध’ का कारण क्या है?

37.‘शिक्षा’ में किस बात पर बल है?

38.जे. कृष्णमूर्ति के विचारों का सार क्या है?

39.लेखक के अनुसार ‘समाज’ की नींव क्या है?

40.‘मेधा’ (बुद्धिमत्ता) कब आती है?

41.जे. कृष्णमूर्ति ने क्या कहा?

42.‘लेखक’ के अनुसार पढ़ाई क्यों जरूरी है?

43.जे. कृष्णमूर्ति को किस नाम से जाना जाता है?

44.‘शिक्षा’ पाठ का क्या अर्थ है?

45.लेखक ने ‘प्रतिस्पर्धा’ क्यों त्यागी?

46.जे. कृष्णमूर्ति के अनुसार ‘स्वयं’ को कैसे जानें?

47.‘शिक्षण’ का सही अर्थ क्या है?

48.लेखक के लिए ‘सच्चाई’ क्या है?

49.जे. कृष्णमूर्ति किस युग के थे?

50.‘जीवन’ में क्या जरूरी है?

51.लेखक के अनुसार ‘मन’ कैसा है?

52.‘शिक्षा’ क्या दूर करती है?

53.जे. कृष्णमूर्ति की क्या विशेषता है?

54.लेखक ने ‘अनुभव’ को क्या माना?

55.‘मनुष्य’ कब विकसित होता है?

56.जे. कृष्णमूर्ति ने क्या सिखाया?

57.‘शिक्षा’ का क्या उद्देश्य नहीं है?

58.लेखक के अनुसार ‘सुख’ क्या है?

59.जे. कृष्णमूर्ति के अनुसार कौन सा मार्ग कठिन है?

60.‘शिक्षा’ कहाँ से मिलती है?

61.लेखक ने ‘प्रतिभा’ को क्या कहा?

62.जे. कृष्णमूर्ति के अनुसार ‘समाज’ क्या है?

63.‘शिक्षा’ किस प्रकार की प्रक्रिया है?

64.लेखक के अनुसार ‘शांति’ कब आएगी?

65.जे. कृष्णमूर्ति क्या थे?

66.‘जीवन’ का क्या मूल्य है?

67.लेखक ने ‘भय’ का क्या समाधान बताया?

68.जे. कृष्णमूर्ति ने किनका विरोध किया?

69.‘शिक्षा’ का आधार क्या है?

70.लेखक के अनुसार ‘बुद्धि’ किससे बढ़ती है?

71.जे. कृष्णमूर्ति क्या पढ़ाते थे?

72.‘शिक्षा’ में किसका स्थान है?

73.लेखक ने ‘अहंकार’ को क्या माना?

74.जे. कृष्णमूर्ति का संदेश क्या था?

75.‘शिक्षा’ किस बात का नाम है?

76.लेखक के अनुसार ‘सृजन’ कब होता है?

77.जे. कृष्णमूर्ति के विचारों में क्या है?

78.‘शिक्षा’ क्यों जरूरी है?

79.लेखक के अनुसार ‘प्रतिष्ठा’ क्या है?

80.जे. कृष्णमूर्ति के अनुसार कौन ‘मुक्त’ है?

81.‘शिक्षा’ में क्या शामिल नहीं होना चाहिए?

82.लेखक के अनुसार ‘सीखना’ क्या है?

83.जे. कृष्णमूर्ति की क्या ख्याति है?

84.‘शिक्षा’ का अंत क्या है?

85.लेखक के अनुसार ‘करुणा’ क्या है?

86.जे. कृष्णमूर्ति ने क्या कहा?

87.‘शिक्षा’ में क्या आवश्यक है?

88.लेखक के अनुसार ‘जीवन’ किसका नाम है?

89.जे. कृष्णमूर्ति के विचारों का आधार क्या है?

90.‘शिक्षा’ किसे चाहिए?

91.लेखक के अनुसार ‘बुराई’ क्या है?

92.जे. कृष्णमूर्ति ने क्या सिखाया?

93.‘शिक्षा’ एक क्या है?

94.लेखक के अनुसार ‘प्रेम’ क्या है?

95.जे. कृष्णमूर्ति का जीवन दर्शन क्या था?